neeli dadhi - kart vonagut

सारांश

कुर्त वॉननेगुट का उपन्यास 'ब्लूबियर्ड' अमेरिकी अमूर्त अभिव्यक्तिवादी चित्रकार राबो कराबेकियन की आत्मकथात्मक कहानी है, जिसने द्वितीय विश्व युद्ध में भी भाग लिया था। वह अब 71 वर्ष का है और न्यूयॉर्क के लॉन्गे आइलैंड पर अपने बड़े बंगले में अकेला रहता है, जिसके पास 1951 से एक रहस्यमय, बंद गोदाम है। राबो युद्ध के बाद कला जगत में अपनी जगह बनाने के लिए संघर्ष करता है, जिसे पहले एक प्रतिभा के रूप में सराहा जाता है और फिर उसकी एक कलाकृति में इस्तेमाल किए गए 'सिंथेटिक रंगद्रव्य' के खराब होने के कारण उसे तिरस्कृत किया जाता है, जिससे उसके कैनवस केवल धूल भरे अवशेष छोड़ जाते हैं। कहानी में उसकी दो पत्नियों, मॉडल पॉल स्लेजिंगर और संगीतकार मारिलेना यंग के साथ उसके संबंध शामिल हैं, साथ ही कला डीलर दान ग्रेगरी के साथ उसका विवाद भी शामिल है। यह राबो की यादों, उसकी कला के प्रति उसके जुनून, उसकी असफलताओं और उसके अकेलेपन के इर्द-गिर्द घूमती है। कहानी का चरमोत्कर्ष बंद गोदाम के रहस्योद्घाटन में होता है, जिसमें एक विशाल, अनदेखी उत्कृष्ट कृति छिपी होती है जो युद्ध और मानवीय स्थिति पर राबो के अनुभवों का प्रतीक है।

किताब के अनुभाग

अनुभाग 1: राबो कराबेकियन का परिचय

कहानी राबो कराबेकियन के दृष्टिकोण से शुरू होती है, जो द्वितीय विश्व युद्ध के वयोवृद्ध और एक अमूर्त अभिव्यक्तिवादी चित्रकार है, जो 71 वर्ष की आयु में सेवानिवृत्त जीवन जी रहा है। वह अपनी मृत्यु के लिए अपनी आत्मकथा लिख रहा है। वह अपनी भव्य हवेली में अपनी गृहस्वामिनी डोरोथिया और कुक टेरी किचन के साथ रहता है, जो उसे परेशान करते हैं क्योंकि वे उसके मेहमानों के रूप में रहते हैं, न कि कर्मचारियों के रूप में। उसका पालतू कुत्ता, सार्जेंट पेपर, भी उसके साथ रहता है। राबो को अपनी पहली पत्नी पॉल स्लेजिंगर से दूर रखा गया है, जिसके साथ उसका संबंध समाप्त हो गया है। कहानी शुरू होती है जब वह सिरसे बर्मन से मिलता है, जो एक भूत-लेखिका है और एक बेस्टसेलिंग युवा वयस्क उपन्यास की लेखिका है, जो उसकी जीवनी लिखने के लिए उसके घर आती है। राबो को 1951 से अपने घर में एक बंद गोदाम रखने के लिए जाना जाता है, जिसके बारे में रहस्य और अटकलें लगाई जाती हैं।

चरित्र विशेषताएँ प्रेरणाएँ
राबो कराबेकियन 71 वर्षीय, अर्मेनियाई-अमेरिकी अमूर्त अभिव्यक्तिवादी चित्रकार और द्वितीय विश्व युद्ध के वयोवृद्ध। आत्म-चिंतनशील, कला के प्रति समर्पित, सामाजिक रूप से कुछ हद तक अनफिट और अकेला महसूस करता है। उसकी कला एक बार प्रसिद्ध थी लेकिन उसके सिंथेटिक रंगद्रव्य के कारण बदनाम हो गई। अपनी कहानी बताने, अपनी विरासत को परिभाषित करने, अपने जीवन के अर्थ को समझने और संभवतः अपनी कला के माध्यम से खुद को भुनाने की इच्छा। उसे अपनी कला के खोए हुए मूल्य और जनता की राय की परवाह है।
सिरसे बर्मन एक भूत-लेखिका जो युवा वयस्क उपन्यास लिखने के लिए जानी जाती है, राबो की जीवनी लिखने के लिए आती है। बुद्धिमान, जिज्ञासु और प्रत्यक्ष। वह राबो को उसके अतीत का सामना करने और उसकी कहानी को खोलने के लिए चुनौती देती है। राबो कराबेकियन जैसे एक असामान्य और रहस्यमय व्यक्ति की सच्ची कहानी को उजागर करना। उसे एक सफल जीवनी लिखना है, लेकिन वह राबो को उसके रहस्य और अनुभवों से बाहर निकालने के लिए भी उत्सुक है।
डोरोथिया राबो की गृहस्वामिनी। एक मजबूत इच्छाशक्ति वाली महिला जो राबो की रसोई में काम करती है लेकिन खुद को राबो के दोस्त से कम नहीं मानती। राबो के घर में एक आरामदायक जीवन शैली बनाए रखना और संभवतः उसके साथ एक असामान्य पारिवारिक संबंध बनाए रखना।
टेरी किचन राबो का कुक। एक रहस्यमय व्यक्ति जो डोरोथिया के साथ रहता है और राबो के मेहमानों की सेवा करता है। राबो के घर में भोजन और आश्रय बनाए रखना। उसकी प्रेरणाएँ उतनी स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन वह डोरोथिया के साथ एक सहायक भूमिका निभाता है।
सार्जेंट पेपर राबो का पालतू कुत्ता। वफादारी और साहचर्य।

अनुभाग 2: राबो का युवा और कला के प्रति उसका जुनून

राबो अपने बचपन और एक कलाकार के रूप में अपने शुरुआती वर्षों को याद करता है। वह बताता है कि कैसे उसने अपने कलात्मक जुनून की खोज की, अपनी अर्मेनियाई विरासत और उसके परिवार की आर्थिक कठिनाइयों के बावजूद। उसकी माँ उसे एक कलाकार बनने के लिए प्रोत्साहित करती है, भले ही इसका मतलब उसे समाज के स्थापित मानदंडों से विचलित होना पड़े। राबो अपनी कला को विकसित करने के लिए एक कठोर और अनुशासनपूर्ण दृष्टिकोण अपनाता है। वह पेरिस में अध्ययन करता है और यूरोपीय कला दृश्य के संपर्क में आता है। इस दौरान, वह कला डीलर दान ग्रेगरी से मिलता है, जो राबो की कला को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, लेकिन बाद में उसके साथ एक जटिल संबंध विकसित करता है।

चरित्र विशेषताएँ प्रेरणाएँ
दान ग्रेगरी एक शक्तिशाली और प्रभावशाली कला डीलर। राबो की प्रतिभा को सबसे पहले पहचानने वालों में से एक। कला में निवेश करके वित्तीय लाभ कमाना और कला जगत में अपना प्रभाव बढ़ाना। वह राबो को एक संपत्ति के रूप में देखता है।

अनुभाग 3: द्वितीय विश्व युद्ध और उसके बाद

राबो द्वितीय विश्व युद्ध में एक सैनिक के रूप में अपने अनुभवों को याद करता है। युद्ध के भयानक दृश्य और उसके प्रभाव उसके मानस पर गहरा असर डालते हैं और उसकी कला को आकार देते हैं। युद्ध के बाद, वह कला जगत में अपनी पहचान बनाने की कोशिश करता है, जब अमूर्त अभिव्यक्तिवाद अपने चरम पर होता है। उसे शुरुआती सफलता मिलती है, और आलोचक उसकी प्रशंसा करते हैं। वह अपनी पहली पत्नी, एक मॉडल पॉल स्लेजिंगर से शादी करता है। यह समय उसकी कलात्मक यात्रा का एक महत्वपूर्ण चरण है, जहां वह अपनी अनूठी शैली विकसित करने का प्रयास करता है।

चरित्र विशेषताएँ प्रेरणाएँ
पॉल स्लेजिंगर राबो की पहली पत्नी, एक मॉडल। आकर्षक, स्वतंत्र और कलात्मक दुनिया में सहज। राबो के साथ प्यार और साहचर्य। वह उसके जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा थी, जिसने उसे स्थिरता और प्रेरणा दी।

अनुभाग 4: सिंथेटिक रंगद्रव्य की त्रासदी

यह अनुभाग राबो के करियर के पतन को विस्तृत करता है। वह अपनी कलाकृतियों में एक नए, सिंथेटिक रंगद्रव्य का उपयोग करना शुरू कर देता है जिसे वह 'स्क्रिबली ड्यू' (scribbley dew) कहता है। इस रंगद्रव्य का उपयोग करके बनाई गई उसकी कलाकृतियाँ शुरू में सफल होती हैं, लेकिन समय के साथ, यह रंगद्रव्य खराब होना शुरू हो जाता है, जिससे उसके कैनवस केवल धूल भरे अवशेषों में बदल जाते हैं। इससे उसका करियर बर्बाद हो जाता है, और कला जगत उसे एक धोखेबाज के रूप में देखता है। उसकी पहली शादी भी इसी समय के आसपास टूट जाती है। राबो को इस त्रासदी के बावजूद अपनी कला में विश्वास बनाए रखने के लिए संघर्ष करना पड़ता है।

अनुभाग 5: दूसरी शादी और जीवन में परिवर्तन

अपने करियर के पतन के बाद, राबो का जीवन निराशा से भर जाता है। वह एक संगीतकार मारिलेना यंग से शादी करता है। मारिलेना उसे अपनी कला से फिर से जुड़ने और जीवन में एक नया उद्देश्य खोजने में मदद करती है। वह उसकी प्रेरणा बनती है और उसके जीवन में स्थिरता लाती है। राबो अपनी दूसरी पत्नी के साथ खुशी पाता है, लेकिन उसकी पिछली कलात्मक असफलता का बोझ हमेशा उस पर बना रहता है। इस दौरान, वह अपने लॉन्गे आइलैंड के घर में रहता है और उस बंद गोदाम का निर्माण करता है, जिसके बारे में कहानी में कई बार उल्लेख किया गया है।

चरित्र विशेषताएँ प्रेरणाएँ
मारिलेना यंग राबो की दूसरी पत्नी, एक सेल वादक। कलात्मक, संवेदनशील और राबो के लिए एक भावनात्मक सहारा। राबो के साथ प्यार और साहचर्य, और उसे कला के प्रति अपने जुनून को फिर से जगाने में मदद करना। वह उसे अपने अतीत की असफलताओं से उबरने में मदद करती है।
मंडलॉय यंग मारिलेना की बहन। अपनी बहन मारिलेना के साथ रहने और राबो के परिवार में शामिल होने की इच्छा।

अनुभाग 6: गोदाम का रहस्य और अंतिम रहस्योद्घाटन

कहानी सिरसे के साथ राबो की बातचीत और उसके जीवन के विभिन्न पहलुओं पर विचार करने के साथ आगे बढ़ती है। गोदाम का रहस्य कहानी का केंद्रीय बिंदु बना हुआ है। राबो आखिरकार सिरसे और अन्य लोगों के लिए गोदाम को खोलने का फैसला करता है। अंदर, वे एक विशाल, एकल पेंटिंग पाते हैं जो राबो के पूरे जीवन का संचय है। यह द्वितीय विश्व युद्ध में उसके अनुभवों, उसके कलात्मक संघर्षों और उसके जीवन की त्रासदी और सुंदरता को दर्शाती है। यह एक अमूर्त उत्कृष्ट कृति है जिसे उसने अपने जीवन के अंत में बनाया है, जो उसके सभी अनुभवों और कला के प्रति उसके जुनून को एक साथ लाती है। यह पेंटिंग एक तरह से राबो के लिए मोचन का प्रतीक है।

साहित्यिक शैली: व्यंग्य, पोस्टमॉडर्न फिक्शन, आत्मकथात्मक काल्पनिक।

लेखक के बारे में कुछ तथ्य:
कुर्त वॉननेगुट जूनियर (1922-2007) एक अमेरिकी लेखक थे जो अपनी व्यंग्यात्मक और अक्सर निराशावादी, लेकिन मानवीय संवेदनाओं से भरी शैली के लिए जाने जाते थे। उनके लेखन में अक्सर द्वितीय विश्व युद्ध के अनुभव, विज्ञान कथा के तत्व और सामाजिक टिप्पणी शामिल होती थी। वॉननेगुट ने कॉर्नेल विश्वविद्यालय में रसायन विज्ञान का अध्ययन किया और द्वितीय विश्व युद्ध में एक पैदल सेना स्काउट के रूप में सेवा की, जहां उन्हें ड्रेसडेन की बमबारी का अनुभव हुआ, जिसने उनके सबसे प्रसिद्ध उपन्यास 'स्लॉटरहाउस-फाइव' को बहुत प्रभावित किया। उनकी अन्य उल्लेखनीय कृतियों में 'कैट्स क्रैडल', 'ब्रेकफास्ट ऑफ चैंपियंस' और 'गालापागोस' शामिल हैं। उन्हें अपने अनूठे कथात्मक दृष्टिकोण और अमेरिकी समाज पर अपनी तीखी टिप्पणियों के लिए व्यापक रूप से सराहा जाता है।

नैतिकता:
'ब्लूबियर्ड' की नैतिकता कला, पहचान और जीवन में अर्थ खोजने की प्रकृति के बारे में है। यह सुझाव देता है कि सच्ची कला व्यक्तिगत अनुभव और पीड़ा से उत्पन्न होती है, और यह कि बाहरी मान्यता क्षणभंगुर हो सकती है। किताब इस विचार को भी दर्शाती है कि प्रत्येक व्यक्ति का अपना 'रहस्य' होता है, जिसे केवल अंत में ही पूरी तरह से समझा जा सकता है। यह कला की शक्ति को मानव स्थिति के लिए एक प्रतिक्रिया और मोचन के एक तरीके के रूप में भी उजागर करती है, भले ही दुनिया इसे समझ न पाए या सराहे नहीं।

जिज्ञासाएँ:

  1. शीर्षक का अर्थ: उपन्यास का शीर्षक 'ब्लूबियर्ड' (नीली दाढ़ी) एक फ्रांसीसी लोककथा से लिया गया है, जिसमें एक रईस अपनी पत्नियों को मारता है और उनके शवों को एक रहस्यमय, बंद कमरे में रखता है। उपन्यास में, बंद गोदाम और उसके अंदर छिपा रहस्य राबो को लोककथा के ब्लूबियर्ड से जोड़ता है, हालांकि राबो का रहस्य बहुत अलग और अधिक कलात्मक प्रकृति का है।
  2. आत्म-संदर्भ: वॉननेगुट अक्सर अपने उपन्यासों में खुद को या अपने पात्रों को संदर्भित करते थे। 'ब्लूबियर्ड' में, राबो कराबेकियन वॉननेगुट के पहले के उपन्यास 'ब्रेकफास्ट ऑफ चैंपियंस' में एक मामूली चरित्र के रूप में दिखाई देता है।
  3. कलात्मक आलोचना: उपन्यास कला जगत की आलोचना करता है, जिसमें कला की मूल्य निर्धारण, कलात्मक प्रतिष्ठा की अस्थिरता और एक कलाकार की सफलता को निर्धारित करने में आलोचकों और डीलरों की भूमिका पर टिप्पणी की गई है।
  4. सिंथेटिक रंगद्रव्य: 'स्क्रिबली ड्यू' नामक सिंथेटिक रंगद्रव्य का विचार राबो के करियर के पतन का एक रूपक है, जो दिखाता है कि कैसे एक नवाचार जो पहले क्रांतिकारी लगता है, विनाशकारी हो सकता है। यह कला की स्थायी प्रकृति और उसकी नाजुकता पर भी प्रकाश डालता है।
  5. युद्ध का प्रभाव: वॉननेगुट के कई उपन्यासों की तरह, 'ब्लूबियर्ड' भी द्वितीय विश्व युद्ध के स्थायी मनोवैज्ञानिक और भावनात्मक निशान को दर्शाता है, यह दिखाता है कि कैसे युद्ध के अनुभव एक व्यक्ति के जीवन और कलात्मक अभिव्यक्ति को आकार देते हैं।